रायसेन में 80 दुकानों पर लटकेगा ताला, 2 करोड़ से ज्यादा किराया बकाया, पालिका ने फाइनल की सीलिंग की लिस्ट,सालों से नहीं दिया किराया, नोटिस को भी किया नजरअंदाज, नपा कर्मचारियों की सैलरी से लेकर विकास कार्य तक पर असर, अब नीलामी की भी तैयारी

नरेन्द्र राय रायसेन।रायसेन नगर पालिका परिषद अब बकायादारों पर सख्ती करने जा रही है। शहर में नगर पालिका की 80 दुकानों पर जल्द ही ताला लगने वाला है। इन दुकानदारों पर करीब 2 करोड़ 15 लाख रुपए से ज्यादा का किराया बकाया है। बार-बार नोटिस देने के बाद भी किराया जमा नहीं होने पर नगर पालिका परिषद द्वारा अब तालाबंदी की तैयारी पूरी कर ली गई है।दरअसल नगर पालिका ने शहर के मुख्य बाजार, सांची रोड, बस स्टैंड और इंदिरा गांधी मार्केट नगर पालिका कॉम्प्लेक्स में करीब 150 से ज्यादा दुकानें किराए पर दे रखी हैं। इनमें से कई दुकानें 10 से 15 साल पहले काफी कम किराए पर दी गई थीं। शुरुआत में कुछ दुकानदारों ने किराया दिया।लेकिन बाद में धीरे-धीरे किराया देना बंद कर दिया।विभागीय सूत्रों के मुताबिक कई दुकानदार ऐसे हैं जिन पर 5 से 7 लाख रुपए तक का किराया बकाया है। नगर पालिका की राजस्व शाखा ने पिछले तीन महीनों में बकायादारों को दो बार नोटिस जारी किए थे। नोटिस में 15 दिन में बकाया जमा करने को कहा गया था। कुछ दुकानदारों ने नोटिस के बाद आंशिक भुगतान किया।लेकिन 80 दुकानदारों ने एक रुपया भी जमा नहीं किया।*वेतन और विकास पर असर…*अधिकारियों का कहना है कि किराए की वसूली नहीं होने से पालिका की आर्थिक स्थिति बिगड़ रही है। हर महीने करीब 60 लाख रुपए कर्मचारियों के वेतन पर खर्च होते हैं, लेकिन आय नहीं होने से वेतन देने में भी दिक्कत आ रही है। इसके अलावा शहर में नाली, सड़क और साफ-सफाई जैसे जरूरी काम भी प्रभावित हो रहे हैं।*पहले सील, फिर नीलामी*….नपा सीएमओ सुरेखा जाटव ने बताया कि पहले चरण में इन 80 दुकानों को सील किया जाएगा। इसके बाद भी अगर बकाया जमा नहीं हुआ तो दुकानों का आवंटन निरस्त कर दूसरों को दोबारा से नीलामी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। नगर पालिका ने अमले को भी अलर्ट कर दिया है। इसी हफ्ते से कार्रवाई शुरू हो सकती है।