बुरहानपुर जिले में दो दिन पहले हुई तेज बारिश और आंधी-तूफान ने किसानों के साथ-साथ स्थानीय उद्योगों को भी भारी नुकसान पहुंचाया

मौसम की इस मार से जहां खेतों में खड़ी फसलें प्रभावित हुई हैं, वहीं दर्यापुर गांव स्थित बायोकॉल की सुप्रीम ग्रीन फ्यूल फैक्ट्री में भी तबाही देखने को मिली है, फैक्ट्री मालिक अब्दुल मलिक हाजी अहमद के मुताबिक, तेज हवाओं के चलते फैक्ट्री परिसर में लगे टीन शेड उखड़ गए, कई जगह मशीनरी क्षतिग्रस्त हो गई और बिजली की डीपी को भी नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा बारिश के पानी से तैयार रखा बायोकॉल भी भीग गया है, साथ ही मजदूरों के आवासीय क्वार्टरों में भी टूट-फूट हुई है, जिससे वहां रहने वाले श्रमिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।फैक्ट्री संचालक का कहना है कि इस प्राकृतिक आपदा से करीब 20 से 25 लाख रुपये तक के नुकसान की आशंका है। नुकसान के कारण उत्पादन कार्य भी प्रभावित हुआ है

, जिससे आर्थिक गतिविधियों पर असर पड़ सकता है, अब फैक्ट्री मालिक अब्दुल मलिक ने जिला प्रशासन से मदद की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि अब उद्योग क्षेत्र को पहुंचे नुकसान ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है। प्रभावित लोगों ने प्रशासन से जल्द सर्वे कराकर नुकसान का आकलन करने और उचित राहत तथा मुआवजा उपलब्ध कराने की मांग की है।बाईट 01:- अब्दुल मालिक, फैक्ट्री मालिक।बाईट 02:- राजेंद्र सिंह चौहान, तहसीलदार।