कसरावद वि,से, समिति की अध्यक्ष न्यायाधीश इशिता संघवी के मार्गदर्शन में सांदीपनी स्कूल में सशक्त युवा सशक्त भारत विषय पर निबंध प्रतियोगिता पैरालिगल वॉलिंटियर अकिल खान ने संपन्न करवाई

। रिपोर्टर नवीन रायली कानून की समझ, साइबर अपराध से सावधानी और अधिकारों की जानकारी… संदीपनी स्कूल में गूंजा ‘सशक्त युवा–सशक्त भारत’ का संदेशकसरावद। युवा सिर्फ देश का भविष्य ही नहीं, बल्कि वर्तमान की सबसे बड़ी ताकत भी हैं। इसी सोच को सार्थक करते हुए संदीपनी शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कसरावद में ‘सशक्त युवा–सशक्त भारत जागरूकता अभियान’ के अंतर्गत विधिक साक्षरता एवं निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मंडलेश्वर के निर्देश तथा तहसील विधिक सेवा समिति कसरावद की अध्यक्ष न्यायाधीश इतिशा संघवी के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को कानून, अधिकारों और कर्तव्यों के साथ-साथ साइबर अपराध से बचाव की महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।कार्यक्रम में पैरा लीगल वालंटियर आकिल खान ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी देश की असली ताकत उसके जागरूक युवा होते हैं। जब युवा अपने अधिकार जानते हैं,

अपने कर्तव्यों को समझते हैं और कानून का सम्मान करते हैं, तो समाज अपने आप मजबूत होने लगता है।वहीं अधिवक्ता सतीश बाथम ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के प्रति सजग करते हुए ऑनलाइन ठगी, साइबर धोखाधड़ी और डिजिटल दुनिया में बरती जाने वाली सावधानियों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि तकनीक का उपयोग समझदारी से करें और किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधि से सतर्क रहें।कार्यक्रम में न्यायालय की ओर से धनंजय शर्मा एवं राकेश गोखले की गरिमामयी उपस्थिति रही। अतिथियों ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए उनके कानूनी अधिकारों एवं कर्तव्यों पर चर्चा की। विद्यार्थियों ने भी पूरे उत्साह के साथ सहभागिता करते हुए विभिन्न विधिक विषयों पर अपने विचार साझा किए।निबंध प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभाकार्यक्रम के दौरान आयोजित निबंध प्रतियोगिता में कक्षा 12वीं के हर्षित पटेल ने प्रथम, अरुण वास्कले ने द्वितीय तथा कक्षा 11वीं की छात्रा शहजादी मंसूरी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेता विद्यार्थियों को अतिथियों द्वारा प्रशस्ति पत्र एवं पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम का स्वागत भाषण एवं रूपरेखा उप प्राचार्य मनोज जैन ने प्रस्तुत की। विधिक साक्षरता कार्यक्रम का समन्वय नोडल अधिकारी प्रेम बहादुर सागर ने किया। कार्यक्रम का सफल संचालन श्रीमती अलका पाटीदार ने किया, जबकि अंत में प्राचार्य डॉ. प्रमोद वर्मा ने आभार व्यक्त किया।कार्यक्रम ने विद्यार्थियों को यह संदेश दिया कि अधिकारों की जानकारी आत्मविश्वास बढ़ाती है, कर्तव्यों की समझ जिम्मेदार नागरिक बनाती है और कानून की जानकारी समाज को सुरक्षित बनाती है। जागरूकता, संवाद और सहभागिता से भरा यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायी रहा।