पेट्रोल पंप पर मिलावट, 260 के पेट्रोल के बाद बंद हुई बाइक, कलेक्टर की चौखट तक पहुंची शिकायत

शहर के एक पेट्रोल पंप पर ईंधन में पानी की मिलावट को लेकर मंगलवार को जमकर हंगामा खड़ा हो गया। एक उपभोक्ता की शिकायत के बाद हरकत में आए खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की। हालांकि, प्राथमिक जांच में पंप के टैंकरों में पानी का अंश नहीं मिला है, लेकिन प्रशासन ने एहतियातन पेट्रोल के सैंपल जब्त कर लिए हैं। मामले में असंतुष्ठ शिकायतकर्ता ने पेट्रोलियम मंत्रालय को इस संबंध में शिकायत की है। बाइक मैकेनिक ने खोला मिलावट का राजपूरा मामला गुना निवासी अजय कुमार दुबे से जुड़ा है। उन्होंने स्थानीय सत्य साईं फ्यूल पंप से अपनी मोटरसाइकिल में 260 का पेट्रोल भरवाया था। ईंधन डलवाते ही जैसे ही वे पंप से आगे बढ़े, उनकी बाइक अचानक बंद हो गई और काफी कोशिशों के बाद भी स्टार्ट नहीं हुई। संदेह होने पर अजय ने पंप के नजदीक ही एक मैकेनिक को अपनी बाइक दिखाई। जब मैकेनिक ने टैंक से पेट्रोल बाहर निकाला, तो उसमें भारी मात्रा में पानी मिला हुआ था। उपभोक्ता ने तुरंत इस मिलावटी ईंधन के फोटो और वीडियो साक्ष्य के रूप में लिए और सीधे जिला कलेक्टर से मामले की लिखित शिकायत कर दी।जांच से असंतुष्ट पीडि़त अब पेट्रोलियम मंत्री से करेगा शिकायतकलेक्टर के निर्देश पर आनन-फानन में जांच दल सत्य साईं फ्यूल पंप पर पहुंचा। टीम के अधिकारियों ने शिकायतकर्ता की मौजूदगी में ही डिस्पेंसिंग मशीन और मुख्य भूमिगत टैंकों की जांच की। जांच अधिकारी के मुताबिक, मौके पर किए गए शुरुआती टेस्ट में पानी की मिलावट सामने नहीं आई है, फिर भी पारदर्शिता बनाए रखने के लिए पेट्रोल का नमूना (सैंपल) सील कर दिया गया है। इसे आधिकारिक विनिर्माण प्रयोगशाला (लेब) भेजा जा रहा है, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर आगामी वैधानिक कार्रवाई तय होगी।इनका कहना है- हमारे ग्राहकों का कहना था कि हमारे पेट्रोल में पानी है। जिसकी शिकायत उन्होंने कलेक्टर से की थी। कलेक्टर के आदेश पर खाद्य विभाग से अधिकारियों ने जांच की। इस दौरान पांच लीटर सैंपल लिया गया। अन्य जांचें की गई है।यहां पेट्रोल में कोई पानी नहीं पाया गया। शिकायतकर्ता भी हमारे पास ही है उन्हें पूरी स्थिति बता दी गई है।- संजय अग्रवाल, पेट्रोल पंप मैनेजर- पेट्रोल पंप की आज जनसुनवाई में शिकायत मिली थी। फरियादी बोतल में पेट्रोल लेकर आए थे कि पेट्रोल में पानी है। इसी को लेकर हमने पेट्रोल पंप की जांच की है। जांच करने पर तो हमें पानी नहीं मिला है इसलिए पांच लीटर का सैंपल लिया है, जिसकी जांच कराई जा रही है। नमूने लैब में भिजवा दिए हैं।- आशीष चतुर्वेदी, निरीक्षक, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग- मैं पेट्रोल पंप पर पेट्रोल डलाने आया। यहां 260 रुपए का पेट्रोल डलाया। लेकिन मेरी गाड़ी चालू नहीं हुई। जब मैंने मिस्त्री को गाड़ी दिखाई तो उसने पेट्रोल में पानी की मिलावट बताई। जिसकी शिकायत मैंने कलेक्टर से की। पेट्रोल पंप के कर्मचारी भी ग्राहकों से अभद्रता करते हैं। यहां 100 का पेट्रोल डलवायो तो 20 रुपए का पेट्रोल मिलता है बाकी पानी रहता है। यह जनता के ऊपर सीधे डकैती डाल रहे हैं पेट्रोल पंप मालिक। यहां की कार्रवाई से मैं संतुष्ठ नहीं हूं, मैंने इस संबंध में पेट्रोलियम मंत्रालय को शिकायत की है। खाद्य विभाग के अधिकारी तो मुझसे उल्टे बोले कि वह पेट्रोल पंप तो अच्छा है। मतलब अपने जांच किए बिना ऐसा बोल दिया तो आपकी भी मिलीभगत है।अजय कुमार दुबे, ग्राहक