उज्जैन कंठाल से छत्रीचौक तक 14 भवनों की MANIT विशेषज्ञों ने की स्टेबिलिटी जांच

उज्जैन इरफान अंसारी SJ NEWS उज्जैन। बाबा महाकाल की राजसी सवारी के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए नगर निगम ने कंठाल से छत्रीचौक तक स्थित 14 चिन्हित भवनों की तकनीकी स्टेबिलिटी टेस्टिंग कराई। यह परीक्षण भोपाल के Maulana Azad National Institute of Technology (MANIT) के सिविल इंजीनियरिंग विभाग के विशेषज्ञों द्वारा किया गया।नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा के निर्देशानुसार यह कार्रवाई मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर महाकाल सवारी मार्ग के चौड़ीकरण कार्य के तहत की गई। रोड निर्माण के दौरान जिन भवनों के हिस्से आंशिक रूप से हटाए गए थे, उनकी संरचनात्मक मजबूती का विस्तृत परीक्षण किया गया।विशेषज्ञों ने भवनों के बीम, कॉलम, दीवारों और अन्य संरचनात्मक हिस्सों की जांच के साथ-साथ सड़क किनारे की गई ट्रेंच लाइन (उत्खनन) से प्रभावित भूमि की स्थिरता का भी आकलन किया। जांच में Visual Inspection और Non-Destructive Testing (NDT) जैसी आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया गया

।नगर निगम के अनुसार परीक्षण रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक सुरक्षा संबंधी कार्रवाई की जाएगी, ताकि बाबा महाकाल की राजसी सवारी के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।जांच टीम में MANIT भोपाल के सिविल इंजीनियरिंग विभागाध्यक्ष डॉ. एम.एस. चौहान, प्रो. डॉ. पी.के. जैन, डॉ. राकेश कुमार, डॉ. नीरज तिवारी एवं उनकी विशेषज्ञ टीम शामिल रही। इस दौरान नगर निगम की भवन निरीक्षक सौम्या चतुर्वेदी भी उपस्थित थीं।