धार भोजशाला मां सरस्वती वाग्देवी मंदिर दर्शन यात्रा

अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद राष्ट्रीय बजरंग दल मालवा प्रांत के तत्वाधान में राष्ट्रीय बजरंग दल कार्यकर्ता एवं बहनों द्वारा धार भोजशाला मां सरस्वती वाग्देवी मंदिर दर्शन यात्रा पैदल किला मैदान से दोपहर 4 बजे शहर के प्रमुख मार्ग घोड़ा चौपाटी मोहन टॉकीज आनदं राजवाड़ा होते हुए भोजशाला परिसर मां सरस्वती वाग्देवी देवी मंदिर पूजन दर्शन सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ महाआरती की गई अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद मालवा प्रांत संगठन महामंत्री संजय यादव ने बताया की दर्शन यात्रा में प्रान्त अध्यक्ष मंहत श्री ओमप्रकाश जी भारती मंगल नाथ मंदिर उज्जैन संत श्री विजय गिरी महाराज महेश्वर श्री गुणानंदन जी महाराज छोटा आश्रम धार संत श्री अजय जी महाराज महेश्वर बूढ़ा महाकाल रुद्र हनुमान मंदिर आश्रम प्रान्त महामंत्री किशोर यादव राष्ट्रीय बजरंग दल प्रान्त अध्यक्ष अनिल सिंगार कोषाध्यक्ष मुकेश पाटीदार प्रान्त उपाध्यक्ष संतोष परमार प्रान्त मंत्री देवेन्द्र अजाना शामिल थे आगे बताते हुए पंक्ति में आगे बहने आगे संत श्री पदाधिकारी एवं सभी कार्यकर्ता चल रहे थे नारे लगाते हुए यात्रा से मां सरस्वती वाग्देवी की जय हो राजा भोज की जय हो अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद ने ठाना है लदन से मूर्ति लाना है डॉ प्रवीण भाई हैतोगड़िया के नेतृत्व में धार की ऐतिहासिक भोजशाला में 6 फरवरी 2003 को बसंत पंचमी के अवसर पर 23 साल पहले एक ऐतिहासिक सभा हुए थी 1 लाख की सभा धर्मशाला को संबोधित किया था उस समय तत्कालिक सरकार द्वारा प्रतिबंध और पाबंदिक लगाई गई थी लेकिन उस सभा में हिन्दू की शक्ति के बाद में सभी बाधाओं को पार कर भोजशाला के एकत्रित हुए थे इस सभा में डॉ प्रवीण भाई तोगड़िया ने सरकार को भोजशाला को हिन्दूओ को सौंपने की चेतावनी दी थी 2003 मध्य प्रदेश में काग्रेस की सरकार थी

भोजशाला मां सरस्वती वाग्देवी पूजन हवन यज्ञ सूर्योदय से सूर्यास्त हिंदुओं का प्रवेश हुआ जब से मंगलवार के दिन हिन्दू समाज का पूजन दर्शन करने का अधिकार मिला साल में एक बार बसंत पंचमी जन्मोत्सव पर अखंड पूजन हवन यज्ञ सूर्योदय से सूर्यास्त का अधिकार दिया गया था लेकिन समय की सरकार मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने एक आदेश साथ जारी किया शुक्रवार को 1 बजे से 3 बजे तक मुस्लिम समाज द्वारा नमाज पढ़ाई गई उसको लेकर हिन्दू संगठन हिन्दू समाज में एक आक्रोश के बाद में जन जागरण आंदोलन प्रारंभ हुआ हिन्दू के ऊपर लड़ियां पुलिस द्वारा हिंदुओं पर बरसाई गई ओर उसमें हिन्दू भाई दो से तीन पुलिस की गोली से शहीद हुए कई घायल हुए थे लेकिन जो हिन्दू विरोधी सरकार थी बाद में 2004 में मध्य प्रदेश में हिन्दूवादी सरकार भारतीय जनता पार्टी जिन्होने बोला था की हमारी सरकार आएगी तो हम लंदन से मूर्ति लाएंगे और भोजशाला मुक्त कराएंगे उस मुख्यमंत्री शिवराज सिंह जी चौहान थे उन्होंने भी स्वयं ने बोला था की पहले की सरकर ने मंदिर में नमाज पढ़ाई थी यह है तो मंदिर है लेकिन उनकी सरकार ने बसंत पंचमी के शुक्रवार 2006 से 2016 तक बसंत पंचमी शुक्रवार की आती थी तीनों बार हिन्दू समाज पर बार आपकी पुलिस की लाडियो से कई कार्यकर्ता ओर युवा घायल हुए आंदोलन में कई कार्यकर्ता के झूठे मुक्तमे हुऎ थे उस समय जो इस आंदोलन से जुड़े थे नवल किशोर जी शर्मा प्रचार थे हिंदूवादी सरकर के नाम लेकर सत्ता में आए सभी भारतीय जनता पार्टी के नेता वचन लिया था की हमारी सरकार आएगी तो हम मां सरस्वती वाग्देवी को लदन से मां की मूर्ति लाएंगे और भोजशाला मुक्त करेंगे एसाई की रिपोर्ट आधार पर 15 माई 2026 हाई कोर्ट ने फैसला हिंदू पक्ष मैं सुनाया था की मां सरस्वती वाग्देवी का मंदिर है और हिन्दू समाज को पूजन करने का अधिकार मिला था अंतिम आन्दोलन अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद राष्ट्रीय बजरंग दल 15 जुलाई 2026 ज्ञापन के मध्यम से और प्रेस वार्ता की गई थी और मध्य प्रदेश सरकर भारत सरकर मनानीय प्रधानमंत्री मोदी जी तक आवाज हिंदू समाज की जो मांग थी वह उठाई थी और इतिहास में पहली बार बसंत पंचमी शुक्रवार के दिन अखंड पूजन हवन यज्ञ सूर्योदय से सूर्यास्त संपन्न हुआ अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद राष्ट्रीय बजरंग दल सभी हिन्दू वकील से इस सुप्रीम कोर्ट हाई कोर्ट तक अपील की थी और हिंदू पक्ष में फैसला दिलाया सभी का अंतरराष्ट्रीय परिषद आप सभी का निर्णय का स्वागत करता है दर्शन यात्रा मां सरस्वती वाग्देवी मंदिर में पूजन अर्चन सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ महाआरती संगठन ने निर्णय किया था की सभी जिलों से कार्यकर्ता जाएंगे लेकिन प्रांत महामंत्री किशोर यादव जानकारी देते हुऎ बताया 14 मई सुप्रीम कोर्ट का एक आदेश आया था की मुस्लिम पक्ष द्वारा अपील की गई थी उस आदेश के बाद 14 माई सुप्रीम कोर्ट के द्वारा आदेश दिया गया की शुक्रवार 1 से 3:00 बजे तक नमाज का अलग से स्थान व्यवस्था की जाए में लेकिन अन्तरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद राष्ट्रीय बजरंग दल संगठन द्वारा हमारा कार्यक्रम 20 दिन से पहले तय था सभी जिलों से कार्यकर्ता 12 बजे किला मैदान पहुंच गए थे जो समय अनुसार बताया गया था लेकिन जब कार्यक्रम की तैयारी हो गई उस समय पुलिस प्रशासन द्वारा बताया गया की आपकी कार्यक्रम की कोई अनुमति नहीं है और कार्यकर्ता को परेशान किया गया था जब कि पूरे कार्यक्रम की सूचना लिखित में दी गई थी आज भी मध्य प्रदेश में दिल्ली में हिंदूवादी सरकर होने के बाद भी मंदिर जाने की परमिशन लेना पड़ेगी किला मैदान पर पुलिस के अधिकार और संगठन के पदाधिकारी के बीच में समय को लेकर नोक झोक हुई थी बाद वरिष्ठ पुलिस प्रशासन के अधिकारी ने 4 बजे का समय आप लोगों को जाने देंगे फिर दर्शन यात्रा भोजशाल पहुंची भोज उत्सव समिति के संयोजक गोपाल शर्मा द्वारा सभी का स्वागत करते हुए मां के साथ में पूजन अर्चन सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ महाआरती कराई गई गोपाल शर्मा समिति द्वारा सभी संतों का भगवा गमछे दुपट्टे और पदाधिकारी का स्वागत किया गया बाद में गोपाल शर्मा ने सभी कार्यकर्ताओं को भोज शाला की पूरे विषय एवं आंदोलन की बात रखी है प्रांत के सभी जिलों खंडवा इंदौर रतलाम मंदसौर उज्जैन झाबुआ , देवास शाजापुर आगर मालवा से कार्यकर्ता बड़े उत्साह से आए थे धार कार्यकर्ता ने बहुत इस आयोजन को सफल बनाने में की अशोक मुनिया डॉ समीर सिधार रोहित प्रजापति ईश्वर विजय चौधरी राजेश सिसोदिया आदि कार्यकर्ता उक्त जानकारी राष्ट्रीय बजरंग दल जिला मंत्री राहुल बैरागी द्वारा दी गई