पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव ने नीट पेपर मामले को लेकर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को युवाओं की ऐतिहासिक जीत बताया

। रिपोर्टर नवीन रायली NEET पेपर लीक मामले में युवाओं की ऐतिहासिक जीत,सत्य और संघर्ष की हुई विजय : अरुण यादवदेशभर में चर्चा का विषय बने NEET परीक्षा पेपर लीक प्रकरण में लंबे समय तक चले छात्र आंदोलन और न्याय की मांग के बाद आए घटनाक्रम पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष अरुण यादव ने इसे देश के करोड़ों युवाओं, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों तथा उनके परिवारों के संघर्ष की ऐतिहासिक जीत बताया है।श्री यादव ने कहा कि यह केवल एक परीक्षा से जुड़ा मामला नहीं था, बल्कि देश के उन लाखों-करोड़ों युवाओं के भविष्य, विश्वास और मेहनत का प्रश्न था, जिन्होंने वर्षों तक कठिन परिश्रम कर अपने सपनों को साकार करने का संकल्प लिया था। जब परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्षता पर प्रश्नचिह्न लगा, तब देशभर के विद्यार्थियों ने लोकतांत्रिक तरीके से न्याय की मांग की और अंततः उनके संघर्ष ने केंद्र सरकार को जवाब देने के लिए मजबूर कर दिया।उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने इस पूरे आंदोलन के दौरान युवाओं की आवाज़ को मजबूती से उठाया। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री राहुल गांधी लगातार विद्यार्थियों के साथ खड़े रहे और सड़क से लेकर संसद तक इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। कांग्रेस अध्यक्ष श्री मल्लिकार्जुन खड़गे, वरिष्ठ नेता श्रीमती सोनिया गांधी सहित पार्टी के सभी नेताओं ने इस आंदोलन को नैतिक और राजनीतिक समर्थन प्रदान किया तथा युवाओं के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार के अन्याय का लगातार विरोध किया।पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव ने केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि शुरुआत में सरकार ने छात्रों की पीड़ा को गंभीरता से नहीं लिया। लाखों विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों की चिंताओं की लगातार अनदेखी की गई। लेकिन देश के कोने-कोने से उठी आवाज़, विद्यार्थियों का लोकतांत्रिक संघर्ष और विपक्ष के लगातार दबाव ने अंततः सरकार को झुकने के लिए विवश कर दिया।उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री और NTA प्रमुख का इस्तीफा केवल प्रशासनिक कार्रवाई नहीं, बल्कि सरकार की जवाबदेही स्वीकार करने और उसके अहंकार के पतन का प्रतीक है। यह स्पष्ट संदेश है कि लोकतंत्र में जनता और युवाओं की आवाज़ को लंबे समय तक दबाया नहीं जा सकता। जब युवा संगठित होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करते हैं, तो सत्ता को भी झुकना पड़ता है।श्री यादव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी का स्पष्ट विश्वास है कि देश की शिक्षा व्यवस्था पारदर्शी, निष्पक्ष और विश्वसनीय होनी चाहिए। प्रतियोगी परीक्षाओं में किसी भी प्रकार की अनियमितता लाखों विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है, जिसे किसी भी परिस्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने मांग की कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए परीक्षा प्रणाली को और अधिक पारदर्शी, जवाबदेह तथा तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाया जाए, ताकि विद्यार्थियों का विश्वास पूरी तरह बहाल हो सके।उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस पार्टी हमेशा युवाओं, किसानों, महिलाओं, दलितों, आदिवासियों, पिछड़े वर्गों तथा समाज के हर वंचित वर्ग के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष करती रही है और आगे भी पूरी प्रतिबद्धता के साथ सड़क से लेकर संसद तक उनकी आवाज़ बुलंद करती रहेगी।अंत में श्री अरुण यादव ने देशभर के NEET अभ्यर्थियों, प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे सभी विद्यार्थियों तथा युवा साथियों को इस संघर्ष में मिली सफलता पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यह जीत केवल विद्यार्थियों की नहीं, बल्कि लोकतंत्र, सत्य, न्याय और जनशक्ति की जीत है।